👇Primary Ka Master Latest Updates👇

मोहल्‍ला कक्षाओं के माध्‍यम से विद्यार्थियों में सृजनात्‍मकता बढ़ा रहे अध्‍यापक (Teachers increasing creativity among students through mohalla classes)

Teachers increasing creativity among students through mohalla classes
कोरोना वायरस संक्रमण के कारण परिषदीय स्कूलों में भौतिक कक्षाएं नहीं चल पा रही हैं। विद्यार्थियों को आनलाइन पढ़ाने का प्रयास हो रहा है। इसी कड़ी में विभाग की तरफ से शुरू हुए हंड्रेड डे रीडिंग कैंपेन का लाभ भी विद्यार्थियों को दिलाने की कोशिश है। इस अभियान में अभिभावकों की भी मदद ली जा रही है।

अध्‍यापक मोहल्‍ला पाठशाला आयोजित कर रहे (Teachers are organizing Mohalla Pathshala)

समन्वयक प्रशिक्षण डा. विनोद मिश्र ने बताया कि विकास खंड बहादुरपुर के संविलयन विद्यालय गोतावां के अध्यापक कोरोना काल में मोहल्ला पाठशाला का आयोजन कर रहे हैं। इसमें हंड्रेड डे रीडिंग कैंपेन भी चलाया जा रहा है। अभियान के तहत बच्चों को पुस्तक पढ़ने में सक्षम बनाने के साथ संख्या ज्ञान बढ़ाने की भी कोशिश हो रही है। अभिभावकों का भी सहयोग लिया जा रहा है।

विद्यालयों की भी निगरानी हो रही : वंदना (Schools are also being monitored: Vandana)

स्टेट रिसोर्स पर्सन (एसआरजी) वंदना श्रीवास्तव ने बताया कि विद्यालयों की निगरानी कर रही हैं। सभी जगहों पर मोहल्ला पाठशाला और रीडिंग कैंपेन को प्रमुखता दी जा रही है। संविलयन विद्यालय गोतावां में संकुल सदस्य चंद्रशेखर, प्रभारी प्रधानाध्यापिका सुषमा श्रीवास्तव के निर्देशन में अध्यापक मुहल्ला कक्षाओं को चला रहे हैं। इसमें उंगलियों से छाप चित्र, दौड़ की गतिविधि, पोस्टर प्रतियोगिता भी कराई जा रही है। इससे प्रत्येक विद्यार्थी अपनी सृजनात्मकता को बढ़ा रहे हैं। खास बात यह कि स्थानीय अभिभावक गीता देवी, निर्मला, रंजीत कुमार, अनिल कुमार आदि बच्चों के अध्यापन में सक्रिय सहयोग दे रहे हैं।

प्रधानाचार्यों को चुनाव ड्यूटी से मुक्त करने की मांग (Demand to relieve principals from election duty)

उत्तर प्रदेश प्रधानाचार्य परिषद के प्रदेश अध्यक्ष डा. राम लखन यादव व प्रदेश महामंत्री सभापति तिवारी ने संयुक्त रूप से मुख्य चुनाव आयुक्त लखनऊ को पत्र लिखा है। इसमें मांग की है कि माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को चुनाव ड्यूटी से मुक्त रखा जाए। यदि उनकी ड्यूटी लगाई जाती है तो विद्यालयों के कामकाज प्रभावित होंगे। यदि विद्यालय मतदान केंद्र बनाया जाता है तो वहां की व्यवस्था में भी बाधा आएगी। कई बार गरिमा के प्रतिकूल पीठासीन या मतदान अधिकारी के रूप में ड्यूटी लगा दी जाती है। प्रधानाचार्य 7600 ग्रेड पे का प्रथम श्रेणी का अधिकारी होता है। यदि कहीं विवशता में चुनाव ड्यूटी लगानी पड़े तो वरिष्ठता का ध्यान रखा जाना चाहिए।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

Politics news of India | Current politics news | Politics news from India | Trending politics news,