👇Primary Ka Master Latest Updates👇

फर्जी दस्तावेजों के सहारे नौकरी कर रहे शिक्षक की सेवा समाप्त,होगी वेतन रिकवरी, जानें क्या है मामला

  फर्जी दस्तावेजों के सहारे नौकरी कर रहे शिक्षक की सेवा समाप्त,होगी वेतन रिकवरी, जानें क्या है मामला 


अलीगढ़ : बेसिक शिक्षा परिषद basic shiksha parishad के स्कूल school में फर्जी व कूटरचित दस्तावेजों से शिक्षक Teacher बनकर नौकरी करने का प्रकरण पकड़ा गया है। फर्जी शिक्षक पर सेवा समाप्ति की कार्रवाई करते हुए उनके खिलाफ एफआइआर FIR दर्ज करने के आदेश खंड शिक्षाधिकारी को दिए गए हैं। वित्त एवं लेखा विभाग को रिकवरी करने के लिए कागजी कार्रवाई पूरी करने को कहा गया है।



बीएसए BSA सतेंद्र कुमार ढाका ने बताया कि प्राथमिक विद्यालय बिजौली के प्रधानाध्यापक प्रदीप कुमार पर फर्जी दस्तावेजों से नौकरी job's पर कार्रवाई की गई है। वित्त विभाग को निर्देश दिए हैं कि दोषी शिक्षक Teacher को नौकरी के पहले दिन से लेकर अब तक दी गई सैलरी का आकलन किया जाए, जिससे रिकवरी Recovery की कार्रवाई की जा सके। बिजौली के खंड शिक्षाधिकारी को शिक्षक Teacher के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के आदेश दिए हैं। दोषी शिक्षक तहसील कोल के गांव खेड़ा नारायन सिंह का रहने वाला है। उसके खिलाफ गांव के ही सुनील कुमार ने शिकायत की थी कि प्रदीप ने शास्त्री की फर्जी अंकतालिका लगाकर नौकरी हासिल की है। 2020 में हुई शिकायत पर जांच कराई गई, जिसमें शास्त्री की डिग्री फर्जी पाई गई। यह डिग्री संपूर्णानंद विश्वविद्यालय वाराणसी की थी। प्रदीप से जवाब मांगा गया तो दो नोटिस के बाद उन्होंने जवाब दिया कि उन्होंने चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय मेरठ से बीए किया है। इसकी जांच कराई गई तो वो डिग्री उनकी नहीं पाई गई। यह भी कूटरचित निकली। अंकतालिका की भी जांच कराई गई तो वो प्रदीप कुमार पाराशर के नाम पर मिली। प्रदीप कुमार को फर्जी दस्तावेजों के आधार पर नौकरी पाने का दोषी पाया गया। बीएसए BSA ने बताया कि प्रदीप कुमार ने मृतकाश्रित कोटे में 2001 में नौकरी पाई थी। उनकी सेवा समाप्त कर शून्य कर दी गई है। वित्त विभाग की ओर से अब तक जारी सैलरी की रिकवरी भी प्रदीप कुमार से की जाएगी।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

Politics news of India | Current politics news | Politics news from India | Trending politics news,