👇Primary Ka Master Latest Updates👇

बीएलओ की मौतों से नाराज शिक्षक संगठन ने खोला मोर्चा

लखनऊ। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान में लगे शिक्षामित्रों व कर्मचारियों की मौत से शिक्षक संगठनों में काफी नाराजगी है। शिक्षकों का कहना है कि उनका काम शिक्षण कार्य है लेकिन प्रशासन जबरन उनसे निर्वाचन से जुड़े कार्य कराता है। आरोप लगाया कि काम के दबाव से शिक्षक काल के गाल में समा रहे हैं। पड़ित परिजनों को सरकारी नौकरी व एक करोड़ मुआवजा दिया जाए।


उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ (पांडेय गुट) ने आरोप लगाया कि बीएलओ पर प्रशासनिक अधिकारी लक्ष्य पूरा करने का दबाव डालते हैं। तकनीकी समस्याओं व सामाजिक सहयोग न मिलने से लक्ष्य पूरा नहीं होने पर वेतन रोकने की धमकी दी जाती है। कुछ बीएलओ ऐसे हैं जो पहली बार नियुक्त किए गए हैं। वे दबाव के चलते काल के गाल में समा रहे हैं। प्रदेश अध्यक्ष सुशील कुमार पांडेय ने आरोप लगाया कि विभिन्न जिलों से शिक्षकों के इस मामले में फोन आ रहे हैं। यह अव्यावहारिक व निंदनीय है।

उन्होंने कहा कि निर्वाचन से जुड़े कार्य साल भर होते हैं। चुनाव आयोग को इसके लिए संविदा पर कार्मिकों की नियुक्ति करनी चाहिए। कहा, 10 दिसंबर से परिषदीय स्कूलों में अर्द्धवार्षिक परीक्षाएं शुरू हो रही हैं। इसके बाद बच्चों का निपुण आकलन होना है। बिना शिक्षक बच्चे कैसे परीक्षा देंगे। उन्होंने शासन से शिक्षकों को तत्काल बीएलओ के कार्य से मुक्त कराने की मांग की है। अन्यथा शिक्षक इसके लिए आंदोलन को बाध्य होंगे।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

Politics news of India | Current politics news | Politics news from India | Trending politics news,